पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में विधान सभा चुनाव के पहले चरण के लिए प्रचार अभियान मंगलवार शाम 6 बजे समाप्त हो गया। दोनों प्रदेशों में 23 अप्रैल को मतदान होगा। प्रचार के अंतिम दिन दिग्गज नेताओं ने अपने-अपने दलों के लिए पूरी ताकत लगा दी और विरोधी दलों पर आरोपों के तीखे तीर छोड़े।
पूर्व मेदिनीपुर जिले के चांदीपुर में अपनी अंतिम चुनावी रैली केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मतदाताओं से निडर होकर मतदान करने का आग्रह किया और कहा कि केंद्रीय बल ऐसे उपद्रवियों पर कड़ी नजर रखेंगे। यहां चुनाव के लिए निर्वाचन आयोग ने केंद्रीय अर्धसैनिक बलों की रिकॉर्ड 2,450 कंपनियां यानी लगभग 2.5 लाख जवान तैनात किए हैं।
चांदीपुर शुभेंदु अधिकारी के गढ़ नंदीग्राम से सटे पूर्व मेदिनीपुर जिले का इलाका है। यहां मतदाताओं को संबोधित करते हुए भाजपा के पूर्व अध्यक्ष ने कहा, ‘राज्य की बागडोर संभालने का उनका (ममता का) समय समाप्त हो गया है।’ उन्होंने विश्वास जताया कि 4 मई को चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद भाजपा सत्ता में आ आएगी।
शाह ने लोगों से निडर होकर मतदान करने का आग्रह करते हुए कहा, ‘कोई भी हमारे मतदाताओं को धमका नहीं सकता। आयोग ने पर्याप्त संख्या में केंद्रीय बलों को तैनात किया है, जो राज्य के हर कोने में फैले हुए हैं।’ केंद्रीय गृह मंत्री ने दावा किया कि राज्य में भाजपा के सत्ता में आने के 45 दिनों के भीतर बांग्लादेश के साथ बंगाल की सीमा को सील कर दिया जाएगा।
दूसरी ओर हुंकार भरते हुए राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने दावा किया कि तृणमूल कांग्रेस लगातार चौथी बार राज्य की सत्ता में आएगी और कोई नहीं चाहता कि भाजपा सरकार बनाए।
पूर्ब मेदिनीपुर जिले के हल्दिया में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए बनर्जी ने विपक्षी दलों का आह्वान किया कि केंद्र से भाजपा नीत राजग सरकार को हटाने के लिए सब साथ में आएं। उन्होंने कहा, ‘भाजपा इस बार पश्चिम बंगाल में चुनाव नहीं जीतेगी। तृणमूल कांग्रेस एक बार फिर सरकार बनाएगी। हम 2026 में ही दिल्ली से भी भाजपा को हटा देंगे।’