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Gold Rate: तेल महंगा होने से सोना 2% फिसला, ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद कमजोर

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मज़बूत डॉलर अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के लिए सोने को ज्यादा महंगा बना देता है जबकि ज्यादा ट्रेजरी यील्ड इस धातु को अपने पास रखने की अवसर लागत बढ़ा देती है

Last Updated- March 26, 2026 | 9:56 PM IST
Gold Rate

सोने की कीमतों में गुरुवार को करीब 2 फीसदी की गिरावट आई क्योंकि कच्चे तेल की कीमतें एक बार फिर 100 डॉलर के स्तर से ऊपर पहुंच गईं। इससे महंगाई में बढ़ोतरी की चिंता उभरी और निवेशकों को अब इस साल अमेरिका में ब्याज दरों में कटौती की संभावना नहीं दिख रही है। हाजिर सोना 1.4 फीसदी गिरकर 4,441.21 डॉलर प्रति औंस पर आ गया जबकि इससे पहले यह करीब 2 फीसदी फिसल गया था। अप्रैल डिलिवरी के लिए अमेरिकी गोल्ड फ्यूचर्स 2.5 फीसदी गिरकर 4,439.80 डॉलर पर आ गए।

गुरुवार को तेल की कीमतों में लगभग 3 फीसदी की बढ़ोतरी हुई, जिससे पिछले सत्र में हुई गिरावट की कुछ भरपाई हो गई; इसकी वजह यह चिंता थी कि पश्चिम एशिया में लंबे समय तक चलने वाली लड़ाई से ऊर्जा आपूर्ति में और बाधा आ सकती है।

ऐक्टिव ट्रेड्स के विश्लेषक रिकार्डो इवेंजेलिस्टा ने कहा कि ईरान में चल रहे संघर्ष और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर इसके संभावित नकारात्मक असर ने अमेरिकी डॉलर को एक सुरक्षित ठिकाने के तौर पर और भी ज्यादा आकर्षक बना दिया है।

इस स्थिति को इस चिंता से और भी बल मिल रहा है कि ऊर्जा संकट के कारण महंगाई लगातार बढ़ती रहेगी, जिससे फेडरल रिज़र्व समेत अन्य केंद्रीय बैंकों को और भी ज्यादा सख्त रुख अपनाना पड़ेगा। इसके परिणामस्वरूप, अमेरिकी डॉलर और बॉन्ड यील्ड को मजबूती मिलती है जबकि कीमती धातुओं पर दबाव बढ़ जाता है। अमेरिका के 10 वर्षीय बेंचमार्क ट्रेजरी यील्ड लगभग आठ महीने के अपने उच्चतम स्तर के करीब पहुंच गए थे।

मज़बूत डॉलर अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के लिए सोने को ज्यादा महंगा बना देता है जबकि ज्यादा ट्रेजरी यील्ड इस धातु को अपने पास रखने की अवसर लागत बढ़ा देती है। हालांकि, लंबे समय में सोने को महंगाई से बचाव का एक ज़रिया माना जाता है, लेकिन ज्यादा ब्याज दरें बिना-यील्ड वाली इस संपत्ति की अपील को कम कर देती हैं।

सीएमई ग्रुप के फेडवॉच टूल के अनुसार, बाजारों को इस साल दिसंबर तक अमेरिका में ब्याज दरें बढ़ने की लगभग 38 फीसदी संभावना दिख रही है जबकि 93 फीसदी संभावना यह है कि फेडरल रिजर्व की अप्रैल की नीतिगत बैठक में दरें स्थिर रहेंगी। ट्रेडर्स को ब्याज दरें घटने की संभावना सिर्फ़ 3 फीसदी दिख रही है और वह भी दिसंबर में। संघर्ष शुरू होने से पहले, बाज़ार 2026 में कम से कम दो बार ब्याज दरें घटने की उम्मीद कर रहे थे।

अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान लगभग चार हफ्तों से जारी लड़ाई को खत्म करने के लिए समझौता करने को बेताब है। यह बात उन्होंने ईरानी विदेश मंत्री के बयान के विपरीत कही, जिन्होंने कहा था कि उनका देश अमेरिका के प्रस्ताव की समीक्षा कर रहा है, लेकिन संघर्ष को समाप्त करने के लिए बातचीत करने का उसका कोई इरादा नहीं है।

हाजिर चांदी 3.8 फीसदी गिरकर 67.89 डॉलर प्रति औंस पर आ गई। वहीं हाजिर पै​लेडियम 2.6 फीसदी घटकर 1,870.71 डॉलर और पैलेडियम 3.8 फीसदी घटकर 1,369.22 डॉलर पर रहा।

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First Published - March 26, 2026 | 9:40 PM IST

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