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फेड बढ़ा सकता है ब्याज दरें, अमेरिकी महंगाई ने बिगाड़ा खेल

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अमेरिका-ईरान तनाव, बढ़ती महंगाई और महंगे तेल की वजह से एशियाई शेयर बाजारों में बड़ी गिरावट, निवेशकों में डर का माहौल

Last Updated- May 13, 2026 | 7:59 AM IST
US Fed rates by Chair Jerome Powell

एशियाई शेयर बाजारों में बुधवार को गिरावट देखने को मिली। अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम होने के कोई संकेत नहीं मिले, जबकि अमेरिका में उम्मीद से ज्यादा महंगाई बढ़ने से निवेशकों की चिंता बढ़ गई।

जापान को छोड़कर एशिया-प्रशांत शेयरों का MSCI इंडेक्स 0.6 प्रतिशत गिर गया। दक्षिण कोरिया का बाजार शुरुआती कारोबार में 3.2 प्रतिशत तक टूट गया, हालांकि बाद में कुछ रिकवरी देखने को मिली। हाल के हफ्तों में AI कंपनियों की तेजी की वजह से कोरियाई बाजार रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया था।

जापान का निक्केई इंडेक्स 0.2 प्रतिशत नीचे रहा, जबकि अमेरिकी S&P 500 फ्यूचर्स में भी हल्की गिरावट दर्ज की गई।

IG सिडनी के मार्केट एनालिस्ट टोनी साइकामोर ने कहा कि अमेरिका की बढ़ती महंगाई और पश्चिम एशिया में जारी तनाव ने निवेशकों को याद दिलाया है कि ऊंची कीमतें और महंगा तेल जल्द खत्म होने वाले नहीं हैं।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि उन्हें ईरान युद्ध खत्म करने के लिए चीन की मदद की जरूरत नहीं है। इस हफ्ते उनकी चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात भी होने वाली है।

इस बीच, ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमत 107 डॉलर प्रति बैरल के आसपास बनी हुई है। फरवरी के बाद से तेल लगातार 100 डॉलर के ऊपर कारोबार कर रहा है, क्योंकि ईरान और होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर तनाव बना हुआ है।

दक्षिण कोरिया में सैमसंग इलेक्ट्रॉनिक्स के शेयर 5.7 प्रतिशत टूट गए। कंपनी और यूनियन के बीच वेतन समझौता नहीं हो पाया, जिसके बाद 50,000 से ज्यादा कर्मचारियों की हड़ताल का खतरा बढ़ गया है। इससे AI चिप्स और अन्य सेमीकंडक्टर उत्पादन प्रभावित हो सकता है।

अमेरिकी बाजारों में भी दबाव रहा। S&P 500 इंडेक्स 0.2 प्रतिशत और नैस्डैक 0.7 प्रतिशत गिर गया। अप्रैल में अमेरिकी महंगाई तीन साल में सबसे तेज बढ़ी, जिससे अब निवेशकों को डर है कि फेडरल रिजर्व ब्याज दरें जल्दी बढ़ा सकता है।

बाजार अब इस साल ब्याज दर कटौती की उम्मीद लगभग खत्म मान रहा है। दिसंबर में ब्याज दर बढ़ने की संभावना भी बढ़ गई है।

अमेरिकी 10 साल के बॉन्ड यील्ड 4.469 प्रतिशत पर बना रहा, जो जुलाई के बाद सबसे ऊंचा स्तर है।

डॉलर मजबूत बना हुआ है। जापानी येन के मुकाबले डॉलर 157.77 पर पहुंच गया। बाजार को आशंका है कि जापान की सरकार येन को संभालने के लिए हस्तक्षेप कर सकती है।

सोने की कीमतों में हल्की बढ़त रही, जबकि बिटकॉइन और ईथर में मामूली गिरावट देखने को मिली। (रॉयटर्स के इनपुट के साथ)

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First Published - May 13, 2026 | 7:42 AM IST

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