facebookmetapixel
रेट कट का असर! बैंकिंग, ऑटो और रियल एस्टेट शेयरों में ताबड़तोड़ खरीदारीTest Post कैश हुआ आउट ऑफ फैशन! अक्टूबर में UPI से हुआ अब तक का सबसे बड़ा लेनदेनChhattisgarh Liquor Scam: पूर्व CM भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य को ED ने किया गिरफ्तारFD में निवेश का प्लान? इन 12 बैंकों में मिल रहा 8.5% तक ब्याज; जानिए जुलाई 2025 के नए TDS नियमबाबा रामदेव की कंपनी ने बाजार में मचाई हलचल, 7 दिन में 17% चढ़ा शेयर; मिल रहे हैं 2 फ्री शेयरIndian Hotels share: Q1 में 19% बढ़ा मुनाफा, शेयर 2% चढ़ा; निवेश को लेकर ब्रोकरेज की क्या है राय?Reliance ने होम अप्लायंसेस कंपनी Kelvinator को खरीदा, सौदे की रकम का खुलासा नहींITR Filing 2025: ऑनलाइन ITR-2 फॉर्म जारी, प्री-फिल्ड डेटा के साथ उपलब्ध; जानें कौन कर सकता है फाइलWipro Share Price: Q1 रिजल्ट से बाजार खुश, लेकिन ब्रोकरेज सतर्क; क्या Wipro में निवेश सही रहेगा?Air India Plane Crash: कैप्टन ने ही बंद की फ्यूल सप्लाई? वॉयस रिकॉर्डिंग से हुआ खुलासा

इज़राइल के PM नेतन्याहू के खिलाफ रिश्वतखोरी के मामले में मंगलवार से फिर सुनवाई

नेतन्याहू को अदालत में उपस्थित होने से छूट दी गई है, लेकिन उन्हें कुछ महीनों में गवाही देने के लिए अदालत में पेश होना पड़ सकता है।

Last Updated- December 04, 2023 | 7:19 PM IST
इजराइल ने गाजा में सहायता कर्मियों पर ड्रोन हमलों को लेकर दो अधिकारियों को बर्खास्त किया , Israel fires two officials over drone attacks on aid workers in Gaza

इज़राइल-हमास युद्ध के कारण दो महीने के अंतराल के बाद यहां की एक जिला अदालत प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के भ्रष्टाचार के मामले की सुनवाई मंगलवार से फिर शुरू करेगी।

हमास की ओर से सात अक्टबूर को हमले शुरू किए जाने के बाद, इज़राइल गाज़ा पट्टी पर जबर्दस्त हमले कर रहा है। तथाकथित ‘केस 4000’ या ’बेज़ेक-वल्ला’ घूसखोरी मामले के तहत, नेतन्याहू ने ‘वल्ला’ वेबसाइट पर अपने पक्ष में मीडिया कवरेज के बदले कथित रूप से ऐसे नियामक कदम उठाए जिससे बेज़ेक टेलीकॉम्यूनिकेशन्स को आर्थिक लाभ हुआ।

‘वल्ला’ वेबसाइट का मालिकाना हक पहले बेज़ेक के पास था। यरुशलम जिला अदालत 74 वर्षीय नेतन्याहू के भ्रष्टाचार मामले पर मंगलवार को सुनवाई फिर से शुरू करेगी। जून में, मामले में तीन न्यायाधीशों ने सिफारिश की थी कि अभियोजन पक्ष रिश्वतखोरी का आरोप वापस ले ले।

मगर अभियोजन पक्ष ने आरोप वापस लेने से इनकार करते हुए मुकदमा जारी रखने का फैसला किया, जिसके बाद अदालत ने संबंधित लोगों की गवाही सुनी।

रिश्वतखोरी के मामले की पिछली सुनवाई 20 सितंबर को हुई थी जिसके बाद अदालत ने मुकदमे को छट्टियों के बाद के लिए स्थगित कर दिया था, लेकिन सात अक्टूबर को हमास के इज़राइल पर हमले और फिर शुरू हुई जंग के कारण मामले की सुनवाई स्थगित रही। इसके बाद अदालतें सिर्फ अति आवश्यक मामलों की सुनवाई कर रही थी और नेतन्याहू का मामला अति आवश्यक नहीं माना गया।

पिछले हफ्ते न्यायमूर्ति यारिव लेविन ने अदालतों का सामान्य संचालन फिर से शुरू करने की इजाज़त दे दी थी। नेतन्याहू को अदालत में उपस्थित होने से छूट दी गई है, लेकिन उन्हें कुछ महीनों में गवाही देने के लिए अदालत में पेश होना पड़ सकता है। प्रधानमंत्री के खिलाफ धोखाधड़ी और विश्वासघात के आरोपों में भी मामले दर्ज हैं।

First Published - December 4, 2023 | 7:19 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट