facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

पाकिस्तान सरकार ने ईरान के साथ गैस पाइपलाइन के निर्माण को दी मंजूरी

Advertisement

अंतरिम सरकार की ऊर्जा पर मंत्रिमंडलीय समिति (सीसीओई) ने पाकिस्तान के अंदर 80 किलोमीटर के खंड के पहले चरण के लिए कई वर्षों की देरी के बाद मंजूरी दी।

Last Updated- February 24, 2024 | 4:27 PM IST
pakistan
Representative Image

पाकिस्तान सरकार ने आखिरकार ईरान-पाकिस्तान (आईपी) गैस पाइपलाइन के अपने खंड पर निर्माण कार्य शुरू करने की मंजूरी दे दी है। इससे नकदी संकट से जूझ रहे पाकिस्तान की बढ़ती ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में मदद मिलेगी।

अंतरिम सरकार की ऊर्जा पर मंत्रिमंडलीय समिति (सीसीओई) ने पाकिस्तान के अंदर 80 किलोमीटर के खंड के पहले चरण के लिए कई वर्षों की देरी के बाद मंजूरी दी।

आधिकारिक बयान के अनुसार, “पाकिस्तान सरकार ने ईरान-पाकिस्तान (आईपी) गैस पाइपलाइन के अपने खंड पर निर्माण कार्य शुरू करने की मंजूरी दे दी है।” समिति ने पेट्रोलियम डिवीजन की सिफारिश पर कार्य करते हुए प्रारंभिक चरण में पाकिस्तान-ईरान सीमा से शुरू होकर बलूचिस्तान प्रांत के बंदरगाह शहर ग्वादर तक परियोजना की शुरुआत का समर्थन किया है।

बयान के अनुसार, “सभी संबंधित प्रभागों ने पाकिस्तान की जनता को गैस आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए परियोजना को आगे बढ़ाने के लिए सकारात्मक मंजूरी दी, जिससे देश की बढ़ती ऊर्जा जरूरतों को पूरा किया जा सके।”

पाकिस्तान की इंटरस्टेट गैस सिस्टम्स (प्राइवेट) लिमिटेड इस परियोजना को निष्पादित करने के लिए तैयार है, जिसे गैस इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट सेस (जीआईडीसी) के माध्यम से वित्तपोषित किया जाएगा।

द एक्सप्रेस ट्रिब्यून अखबार ने सप्ताह की शुरुआत में रिपोर्ट दी थी कि परियोजना को समय पर पूरा करने में विफल रहने पर 18 अरब डॉलर के संभावित जुर्माने के डर से पाकिस्तान को कई वर्षों की देरी के बाद काम शुरू करने के लिए मजबूर होना पड़ा है।

अंतरराष्ट्रीय अदालतों में मुकदमेबाजी से बचने के उद्देश्य से ईरान ने सितंबर 2024 तक 180 दिन का विस्तार दिया है। विशेषज्ञों ने कहा कि यदि पाइपलाइन परियोजना से संबंधित अपने अधिकारों की रक्षा के लिए ईरान कानूनी कार्रवाई करता तो दोनों देशों के बीच राजनयिक संबंध तनावपूर्ण हो सकते थे।

Advertisement
First Published - February 24, 2024 | 4:27 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement