facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

भारतीय कंपनियों पर प्रतिबंध के मुद्दे पर हम अमेरिकी अधिकारियों के संपर्क में हैं: विदेश मंत्रालय

Advertisement

जायसवाल ने शनिवार को कहा, ‘‘हमने अमेरिकी प्रतिबंधों से संबंधित रिपोर्ट देखी हैं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हम मुद्दों को स्पष्ट करने के लिए अमेरिकी अधिकारियों के भी संपर्क में हैं।’’

Last Updated- November 02, 2024 | 5:01 PM IST
We are in touch with US officials on the issue of sanctions on Indian companies: External Affairs Ministry भारतीय कंपनियों पर प्रतिबंध के मुद्दे पर हम अमेरिकी अधिकारियों के संपर्क में हैं: विदेश मंत्रालय

रूस के सैन्य-औद्योगिक प्रतिष्ठान का कथित तौर पर समर्थन करने को लेकर अमेरिका द्वारा कई भारतीय कंपनियों पर प्रतिबंध लगाए जाने के मद्देनजर विदेश मंत्रालय ने शनिवार को कहा कि नई दिल्ली मुद्दों को स्पष्ट करने के लिए वाशिंगटन के संपर्क में है।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने साप्ताहिक प्रेस वार्ता के दौरान एक सवाल के जवाब में यह भी कहा कि भारत के पास रणनीतिक व्यापार और अप्रसार नियंत्रण पर ‘‘मजबूत कानूनी एवं नियामक ढांचा’’ है। उन्होंने कहा, ‘‘हम तीन प्रमुख बहुपक्षीय अप्रसार निर्यात नियंत्रण व्यवस्थाओं के भी सदस्य हैं।’’

जायसवाल ने कहा, ‘‘भारत की स्थापित अप्रसार साख को ध्यान में रखते हुए हम सभी संबंधित विभागों और एजेंसियों के साथ भारतीय कंपनियों को लागू निर्यात नियंत्रण प्रावधानों के बारे में संवेदनशील बनाने के लिए काम कर रहे हैं तथा उन्हें लागू किए जा रहे नए उपायों के बारे में भी सूचित कर रहे हैं, जो कुछ परिस्थितियों में भारतीय कंपनियों को प्रभावित कर सकते हैं।’’

Also read: Donald Trump vs Kamala Harris: भारतीय शेयर बाजार के लिए कौन बेहतर? 

अमेरिका ने रूस के सैन्य-औद्योगिक प्रतिष्ठान का कथित तौर पर समर्थन करने को लेकर 275 व्यक्तियों और कंपनियों पर प्रतिबंध लगाया है, जिनमें 15 भारत से हैं। अमेरिकी वित्त विभाग ने गुरुवार को एक बयान में कहा कि रूस को उन्नत प्रौद्योगिकी और उपकरणों की आपूर्ति करने के चलते चीन, स्विट्जरलैंड, थाईलैंड और तुर्किये की कंपनियों पर भी प्रतिबंध लगाया गया है।

बयान में कहा गया कि वैश्विक चोरी नेटवर्क को बाधित करने के अलावा यह कार्रवाई घरेलू रूसी आयातकों और रूस के सैन्य-औद्योगिक आधार के लिए प्रमुख वस्तुओं एवं अन्य सामग्री के उत्पादकों को भी लक्षित करती है। जायसवाल ने शनिवार को कहा, ‘‘हमने अमेरिकी प्रतिबंधों से संबंधित रिपोर्ट देखी हैं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हम मुद्दों को स्पष्ट करने के लिए अमेरिकी अधिकारियों के भी संपर्क में हैं।’’

Advertisement
First Published - November 2, 2024 | 5:01 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement