facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

कर्मचारियों को बड़ी राहत! EPFO ने PF में ‘पार्ट पेमेंट’ किया लागू, अब पूरा क्लेम एक साथ रिजेक्ट नहीं होगा

Advertisement

यह फैसला उन मामलों में लागू होगा जहां नियोक्ता (एम्प्लॉयर) ने कुछ समय के लिए अपने हिस्से का योगदान जमा नहीं किया हो

Last Updated- September 22, 2025 | 11:29 AM IST
EPFO
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने अपने क्षेत्रीय और जोनल कार्यालयों को एक नया निर्देश जारी किया है। अब अंतिम भविष्य निधि (PF) सेटलमेंट के दौरान कुछ खास मामलों में पूरी क्लेम को रिजेक्ट करने के बजाय आंशिक भुगतान (पार्ट पेमेंट) करने को कहा गया है। यह फैसला उन मामलों में लागू होगा जहां नियोक्ता (एम्प्लॉयर) ने कुछ समय के लिए अपने हिस्से का योगदान जमा नहीं किया हो। इस कदम का मकसद कर्मचारियों को आर्थिक परेशानी से बचाना है।

केंद्रीय भविष्य निधि आयुक्त (CPFC) ने शुक्रवार को एक पत्र जारी कर सभी कार्यालयों को यह निर्देश दिया। पत्र में कहा गया कि कई बार पीएफ सेटलमेंट क्लेम को छोटी-छोटी वजहों से रिजेक्ट कर दिया जाता है, जैसे पुराने PF खातों का ट्रांसफर न होना। इससे कर्मचारियों को आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ता है। EPFO ने साफ किया कि ऐसे मामलों में क्लेम को पूरी तरह खारिज करने के बजाय, खाते में उपलब्ध पैसे का पार्ट पेमेंट करना चाहिए।

Also Read: Explainer: 7 करोड़ EPFO सब्सक्राइबर्स के लिए खुशखबरी! ‘पासबुक लाइट’ से कैसे होगा फायदा

पार्ट पेमेंट के लिए क्या हैं नियम?

EPFO के लेखा प्रक्रिया मैनुअल (MAP) के पैरा 10.11 में पार्ट पेमेंट के नियम बताए गए हैं। इसके तहत पांच खास वजहों से पार्ट पेमेंट किया जा सकता है। इनमें डिफॉल्ट करने वाली कंपनियों के मामले, फॉर्म 3A न मिलना, पुरानी जमा राशि पूरी तरह न मिलना, पिछली कंपनी से PF ट्रांसफर न होना, या फिर योग्य व्यक्ति द्वारा पूरी राशि का दावा न करना शामिल है।

पत्र में यह भी कहा गया कि सभी पार्ट पेमेंट के मामलों को एक रजिस्टर में दर्ज करना होगा। इस रजिस्टर की हर महीने समीक्षा होगी। अगर बाद में और राशि उपलब्ध होती है, तो कर्मचारी को नया क्लेम डालने की जरूरत नहीं होगी। कार्यालय को खुद ही बाकी भुगतान करना होगा।

हाल ही में EPFO ने कई सुधार किए हैं। अब कर्मचारी एक ही लॉगिन से सभी जरूरी सेवाओं और अपने PF खाते की जानकारी देख सकते हैं। इसके अलावा, क्लेम सेटलमेंट की प्रक्रिया को तेज करने के लिए मंजूरी के स्तरों को भी कम किया गया है। ये कदम कर्मचारियों की सुविधा और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए उठाए गए हैं।

Advertisement
First Published - September 21, 2025 | 8:02 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement