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2 करोड़ आधार को किया गया बंद: परिवार के सदस्य की मौत के बाद आधार कार्ड को कैसे डीएक्टिवेट करें?

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जिन लोगों की मृत्यु हो चुकी है, उनका आधार बंद कराना जरूरी है ताकि उसका गलत इस्तेमाल न हो सके, जैसे सब्सिडी लेना या बैंक खाता खोलना

Last Updated- November 30, 2025 | 5:16 PM IST
Aadhaar App Share Contact Feature
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

सरकार ने 2 करोड़ से ज्यादा आधार नंबर बंद कर दिए गए हैं, जिनकी मौत हो चुकी है। सरकार का कहना है कि इससे डेटाबेस साफ-सुथरा रहेगा और उसकी विश्वसनीयता बनी रहेगी। यह काम आधार कार्ड जारी करने वाली संस्था UIDAI ने किया है।

प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो (PIB) की तरफ से जारी बयान के मुताबिक, ऐसा करने से पहचान की धोखाधड़ी का खतरा कम होगा और मर चुके लोगों के नाम पर गलत तरीके से मिलने वाली सरकारी सुविधाएं या सब्सिडी भी रुक जाएंगी। यह सफाई का काम कई सरकारी विभागों के डेटा से मिलाकर किया जा रहा है और आगे भी चलता रहेगा।

मृत्यु के बाद आधार बंद करना क्यों जरूरी है?

आधार का इस्तेमाल बैंकिंग से लेकर सरकारी योजनाओं तक हर जगह होता है। अगर किसी की मौत हो गई और उनका आधार अभी भी एक्टिव रहा, तो कोई भी गलत फायदा उठा सकता है। कोई उनके नाम पर सब्सिडी ले सकता है, नया अकाउंट खोल सकता है या सरकारी मदद हड़प सकता है। UIDAI ने साफ कहा है कि एक बार जारी हुआ आधार नंबर कभी किसी और को नहीं दिया जाता, इसलिए मौत के बाद उसे पूरी तरह डीएक्टिवेट करना ही सही तरीका है।

UIDAI को मौत की जानकारी कैसे मिलती है?

UIDAI मौत का डेटा रजिस्ट्रार जनरल ऑफ इंडिया, राज्यों के रिकॉर्ड, राशन व्यवस्था, पेंशन और दूसरी सरकारी योजनाओं तथा कई केंद्रीय विभागों से ले रहा है। साथ ही बैंक और वित्तीय संस्थानों के साथ भी डेटा शेयर करने की व्यवस्था बनाने की कोशिश चल रही है।

Also Read: Aadhaar अपडेट के नए नियम लागू, अब इन डॉक्यूमेंट से ही बनेगा आपका आधार कार्ड

अपने परिवार के किसी सदस्य की मौत ऑनलाइन रिपोर्ट करें

इस साल की शुरुआत में UIDAI ने myAadhaar पोर्टल पर “परिवार के सदस्य की मौत की सूचना दें” वाला नया फीचर शुरू किया था। अभी यह सुविधा उन 25 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में काम कर रही है जिनका सिविल रजिस्ट्रेशन सिस्टम जुड़ा हुआ है। बाकी जगहों को भी जल्द जोड़ा जा रहा है।

ऑनलाइन रिपोर्ट कैसे करें?

परिवार का कोई सदस्य myAadhaar पोर्टल पर ये आसान स्टेप फॉलो करके रिपोर्ट कर सकता है:

  • पहले अपना खुद का आधार वेरीफाई करें।
  • मर चुके व्यक्ति का आधार नंबर डालें।
  • डेथ रजिस्ट्रेशन नंबर और कुछ बेसिक जानकारी भरें। इसके बाद UIDAI पूरी जानकारी चेक करके आधार डीएक्टिवेट कर देता है।

मृत व्यक्ति का आधार बंद हुआ आधार चेक कैसे करें?

कानूनी वारिस दो तरीकों से पता कर सकते हैं कि आधार बंद हुआ या नहीं:

ऑनलाइन तरीका

  • myAadhaar पोर्टल पर जाएं।
  • “Check Aadhaar Status” चुनें।
  • आधार नंबर डालें। सिस्टम बता देगा कि वह एक्टिव है या “मृत्यु के कारण डीएक्टिवेट” दिखाएगा।

ऑफलाइन तरीका

  • नजदीकी आधार सेवा केंद्र या एनरोलमेंट सेंटर पर जाएं और जरूरी दस्तावेज दिखाकर स्टेटस चेक करवाएं।

UIDAI ने सभी परिवारों से अपील की है कि जैसे ही डेथ सर्टिफिकेट बन जाए, तुरंत मौत की सूचना दे दें। इससे देश का सबसे बड़ा पहचान डेटाबेस सही बना रहेगा और धोखाधड़ी की गुंजाइश खत्म हो जाएगी।

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First Published - November 30, 2025 | 5:16 PM IST

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