facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

ITR Filing: एक बार फिर बढ़ी आईटीआर फाइल करने की डेडलाइन, इन टैक्सपैयर्स को होगा फायदा

Advertisement

IT विभान ने समयसीमा बढ़ाने का निर्णय उद्योग जगत के आग्रह और प्राकृतिक आपदाओं एवं बाढ़ से प्रभावित राज्यों में कारोबारी गतिविधियों में आई बाधाओं को ध्यान में रखते हुए लिया है

Last Updated- October 29, 2025 | 9:25 PM IST
ITR Filing

ITR Filing: इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने बुधवार को असेसमेंट ईयर (AY) 2025-26 के लिए कंपनियों और ऑडिट की जरूरत वाले टैक्सपैयर्स के लिए इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने की डेडलाइन बढ़ाकर 10 दिसंबर कर दी। सामान्य तौर पर ऐसे टैक्सपैयर्स के लिए आईटीआर फाइल करने की अंतिम तिथि 31 अक्टूबर होती है।

इन टैक्सपैयर्स को मिली राहत

केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) ने एक बयान में कहा, ‘‘बोर्ड ने असेसमेंट ईयर 2025-26 के लिए आईटीआर फाइल करने की निर्धारित तिथि को 31 अक्टूबर से बढ़ाकर अब 10 दिसंबर, 2025 कर दिया है।’’ इसके अलावा, इन टैक्सपैयर्स के लिए ऑडिट रिपोर्ट जमा करने की अंतिम तिथि भी 10 नवंबर तय की गई है।

आयकर अधिनियम के मुताबिक, ऑडिट की अनिवार्यता वाली कंपनियों, साझेदारी फर्मों और प्रोप्राइटरशिप इकाइयों को 31 अक्टूबर तक रिटर्न फाइल करना होता है। वहीं, व्यक्तिगत करदाताओं और हिंदू अविभाजित परिवारों (एचयूएफ) के लिए यह समयसीमा 31 जुलाई रहती है।

Also Read: ‘लॉयल्टी’ बन रही भारत के डिजिटल पेमेंट की नई करेंसी, हर 5 में से 1 लेनदेन का जरिया बनी

आयकर विभाग ने क्यों बढ़ाई डेडलाइन?

इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने समयसीमा बढ़ाने का निर्णय उद्योग जगत के आग्रह और प्राकृतिक आपदाओं एवं बाढ़ से प्रभावित राज्यों में कारोबारी गतिविधियों में आई बाधाओं को ध्यान में रखते हुए लिया है। इससे पहले विभाग ने 25 सितंबर को ऑडिट रिपोर्ट दाखिल करने की समयसीमा एक माह बढ़ाकर 31 अक्टूबर की थी। अब उसे और बढ़ाकर 10 नवंबर कर दिया गया है।

असेसमेंट ईयर 2025-26 के लिए व्यक्तिगत करदाताओं के आईटीआर फाइल करने की अंतिम तिथि भी इस साल 31 जुलाई से बढ़ाकर 16 सितंबर कर दी गई थी। इस दौरान 7.54 करोड़ से ज्यादा रिटर्न दाखिल किए गए, जिनमें से 1.28 करोड़ टैक्सपैयर्स ने सेल्फ असेसमेंट टैक्स का भुगतान किया।

(PTI इनपुट के साथ)

Advertisement
First Published - October 29, 2025 | 9:17 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement