facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

साल 2047 तक भारत में नए वाहनों की कुल बिक्री में 87 प्रतिशत होंगे इलेक्ट्रिक वाहन: रिपोर्ट

Advertisement
Last Updated- June 06, 2023 | 11:20 PM IST
Sales of electric vehicles increased by 26.5 percent this year, but the target of selling 20 lakh vehicles is still far away इस साल इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री 26.5 फीसदी बढ़ी, मगर 20 लाख गाड़ियों की बिक्री का लक्ष्य अभी भी दूर

ई-मोबिलिटी पर फिक्की-येस बैंक की रिपोर्ट में कहा गया है कि वर्ष 2047 तक भारत में नए वाहनों की कुल बिक्री में 87 प्रतिशत इलेक्ट्रिक वाहन शामिल होंगे और 85 प्रतिशत एक्सईवी वैल्यू चेन का स्थानीयकरण शामिल होगा।

मंगलवार को जारी फिक्की-येस बैंक की रिपोर्ट ‘इंडिया ऐट 2047: इलेक्ट्रिक मोबिलिटी’ में कहा गया है, ‘प्रस्तावित सेगमेंट-आधारित पहुंच वर्ष 2047 तक तिपहिया के लिए 91 प्रतिशत, दोपहिया के लिए 90 प्रतिशत, यात्री वाहनों के लिए 79 प्रतिशत, और बसों के लिए 67 प्रतिशत हो जाएगी।’

विद्युतीकरण की दिशा में वैश्विक बदलाव को 2 करोड़ घरेलू वाहन वाले भारत के मौजूदा बाजार के लिए एक बड़े अवसर के तौर पर देखा जा रहा है। रिपोर्ट में ऊंची अग्रिम लागत, वाहन वित्त से जुड़े अवरोध, सुरक्षा चिंताओं, शुरुआत अवस्था में वैश्विक पहुंच, और कुछ प्रमुख कच्चे माल, आरऐंडडी तक सीमित पहुंच, तकनीकी क्रांति के साथ साथ चार्जिंग इन्फ्रास्ट्रक्चर के विकास से जुड़ी चुनौतियों का भी जिक्र किया है।

रिपोर्ट में उभरते रीसेल मार्केट यानी पुन: बिक्री बाजार के विकास, वाहन प्रदर्शन के बारे में आंकड़ों और लंबी अवधि की वारंटी, तथा सुरक्षा चिंताओं को ध्यान में रखते हुए सभी श्रेणियों के वाहनों की गुणवत्तायुक्त जांच के जरिये इस क्षेत्र में सुधार के लिए इन चुनौतियों के समाधान की रूपरेखा भी पेश की गई है।

रिपोर्ट में सार्वजनिक पार्किंग में चार्जिंग इन्फ्रास्ट्रक्चर अनिवार्य बनाए जाने का भी सुझाव दिया गया है। वैश्विक बाजारों में अवसर तलाशने के लिए रिपोर्ट में निर्यात प्रोत्साहन एवं वैश्विक मानकों के लिए जांच क्षमता के विकास की मदद से भारत की मैटेरियल/मिनरल क्षमताओं का इस्तेमाल कर दोपहिया और तिपहिया, ट्रैक्टरों और एलसीवी पर ध्यान देने का सुझाव दिया गया है।

रिपोर्ट में कहा गया है, ‘कंपनियां छोटी टीमों और स्टार्टअप भागीदारी के जरिये आरऐंडडी निवेश बढ़ाकर कलपुर्जों के लिए भागीदारियां करने और स्वतंत्र तरीके से उत्पादन में सक्षम हो सकती हैं।’

Advertisement
First Published - June 6, 2023 | 11:20 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement