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ग्राहकों से दुकानदारों को डिजिटल भुगतान में UPI का इस्तेमाल बढ़ाः रिपोर्ट

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अगस्त में यह आंकड़ा 10 अरब के पार पहुंच गया। इसके पीछे पी2एम लेनदेन में हुई जबर्दस्त तेजी का अहम योगदान रहा है।

Last Updated- September 26, 2023 | 4:58 PM IST
UPI transactions see marginal dip in June to 13.89 billion रिकॉर्ड हाई के बाद थोड़ा लो हुआ UPI ट्रांजैक्शन, जून में घटकर 20.07 लाख करोड़ रुपये पर पहुंचा

एकीकृत भुगतान प्रणाली यूपीआई (UPI) के जरिए डिजिटल भुगतान की संख्या अगस्त में कई गुना बढ़कर 10 अरब होने के पीछे ग्राहकों से दुकानदारों (पी2एम) को किए जाने वाले लेनदेन में आई तेजी की अहम भूमिका रही है। एक रिपोर्ट में यह बात कही गई है।

वर्ल्डलाइन की रिपोर्ट कहती है कि जनवरी, 2018 में यूपीआई से 15.1 करोड़ लेनदेन किए गए थे और यह संख्या जून, 2023 में बढ़कर 9.3 अरब हो गई थी। अगस्त में यह आंकड़ा 10 अरब के पार पहुंच गया। इसके पीछे पी2एम लेनदेन में हुई जबर्दस्त तेजी का अहम योगदान रहा है।

रिपोर्ट के मुताबिक, जनवरी 2022 में पी2एम का हिस्सा कुल यूपीआई लेनदेन में 40.3 प्रतिशत था। डेढ़ साल में यह अनुपात बढ़कर जून, 2023 में 57.5 प्रतिशत हो गया। इस अनुपात के आगे भी बढ़ने का अनुमान है।

यह भी पढ़ें : ऑनलाइन गेमिंग कंपनियों पर सरकार ने कसा शिकंजा, फर्मों को 55 हजार करोड़ रुपये के टैक्स नोटिस भेजे गए

इसके अलावा यूपीआई लेनदेन से भेजी जाने वाली औसत राशि का आकार भी भविष्य में इसके विस्तार का संकेत देता है। जनवरी, 2022 में यूपीआई से पी2एम लेनदेन का औसत आकार 885 रुपये था जो जून, 2023 में घटकर 653 रुपये रह गया।

इससे पता चलता है कि अब लोग कम राशि का लेनदेन भी यूपीआई के जरिये करना पसंद कर रहे हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, राजमार्गों पर इलेक्ट्रॉनिक टोल संग्रह के इस्तेमाल ने टोल भुगतान के तरीके को काफी हद तक बदल दिया है। इस भुगतान में भी यूपीआई लेनदेन का प्रमुख रूप से इस्तेमाल हो रहा है।

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First Published - September 26, 2023 | 4:58 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

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